मुख्यमंत्री योजना

राजस्थान सरकार की अनूठी पहल, 17 विभागों की समस्याओं का समाधान एक ही जगह जानिए क्या है योजना

आमजन की पंचायत स्तर की सभी समस्याओं की एक ही जगह सुनवाई व समाधान के लिए राज्य सरकार ने पं. दीनदयाल उपाध्याय जनकल्याण पंचायत शिविर के रुप में एक नई पहल की है।

जनकल्याण शिविरों की आवश्यकता

पहले आमजन को अपनी इन समस्याओं के लिए विभिन्न विभागों में अलग-अलग आना-जाना पड़ता था, जिसमें उन्हें काफी परेशानी भी होती थी और काफी समय भी लगता था। जनकल्याण शिविरों के माध्यम से उनकी इस परेशानी का समाधान हुआ है।

शिविर में होने वाली गतिविधियां

ग्राम पंचायतों में होने वाले इन जनकल्याण शिविरों में 17 से ज़्यादा विभागों के अधिकारी मौजूद होते हैं। ये अधिकारी मौके पर ही जनसुनवाई करते हैं व जनता की समस्याओं के समाधान के लिए उचित व त्वरित कार्यवाही करते हैं। इसके अलावा शिविरों में सरकार द्वारा चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी आमजन को दी जाती है।

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हर शुक्रवार होते हैं शिविर

जिस ग्राम पंचायत में शिविर हो रहा हो उस ग्राम पंचायत के अन्तर्गत आने वाले सभी निवासी शिविर में भाग ले सकते हैं। ये जनकल्याण शिविर हर शुक्रवार को ग्राम पंचायतों पर आयोजित किये जाते हैं।

राजस्थान सरकार की अनूठी पहल, 17 विभागों की समस्याओं का समाधान एक ही जगह जानिए क्या है योजना

आमजन को मिलने वाले लाभ-

  • विभिन्न विभागों के अधिकारी एक ही जगह उपलब्ध
  • सभी समस्याओं की एक ही जगह सुनवाई
  • कल्याणकारी योजनाओं की पूरी जानकारी उपलब्ध
  • समय की बचत

पं. दीनदयाल उपाध्याय विशेष योग्यजन शिविर

शिविर 3 चरणों में सम्पादित होंगे-

  • 01 जून से 24 सितम्बर, 2017 तक चिह्नीकरण एवं पंजीयन (ई-मित्र/अटल सेवा केन्द्रों पर)
  • 25 सितम्बर से 12 दिसम्बर, 2017 तक निःशक्तता प्रमाणीकरण (विधानसभावार कैम्प)
  • 13 दिसम्बर, 2017 से 31 मार्च, 2018 तक कृत्रिम अंग/सहायक उपकरण वितरण (जि़ला स्तर पर कैम्प)
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अभियान के लाभः-

  • चिह्नीकरण (Identification) एवं पंजीयन (Registration) करवाना
  • निःशक्तता प्रमाण पत्र (Disability Certificate) जारी करवाना।
  • कृत्रिम अंग/सहायक उपकरण (Aids & Appliances) उपलब्ध करवाना।
  • यू.डी.आई.डी. कार्ड (Unique Disability ID Card) जारी करवाया जाना।
  • पेंशन, बस पास, ऋण, पालनहार इत्यादि योजनाओं से लाभान्वित करवाना।

निःशक्तता के प्रकारः-

दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 के अन्तर्गत सूचीबद्ध (Listed in The Right of Persons with Disabilities Act 2016)

  • अंधता (Blindness)
  • अल्प दृष्टि (Low-Vision)
  • कुष्ठ रोग मुक्त (Leprosy Cured Persons)
  • श्रवण बाधित (बधिर एवं ऊंचा सुनना) (Hearing Impairment) (deaf and hard of hearing)
  • चलन निःशक्तता (Locomotor Disability)
  • बौनापन (Dwarfism)
  • बौद्धिक अक्षमता (Intellectual Disability)
  • मानसिक रोगी (Mental Illness)
  • स्वलीनता (Autism/Spectrum Disorder)
  • प्रमस्तिष्क घात (Cerebral Palsy)
  • मांसपेशीय दुर्विकास (Muscular Dystrophy)
  • क्रोनिक न्यूरोलोजिकल कण्डीशन (Chronic Neurological Conditions)
  • स्पेसिफिक लर्निंग डिसेबलीटी (Specific Learning Disability)
  • मल्टीपल स्कलेरोसीस (Multiple Sclerosis)
  • वाक् एवं भाषा निःशक्तता (Speech and Language Disability)
  • थैलेसीमिया (Thalassemia)
  • हीमोफीलिया/अधिरक्तस्राव (Hemophilia)
  • सीकल सैल डिजीज (Sickle Cell Disease)
  • बहु निःशक्तता (Multiple Disabilities Including/deaf blindness)
  • तेजाब हमला पीडि़त (Acid Attack Victim)
  • पार्किन्संस रोग (Parkinson’s Disease)
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पंजीयन की प्रक्रियाः-

विशेष योग्यजन निकटतम ई-मित्र केन्द्र/अटल सेवा केन्द्र पर प्रातः 10 बजे से सायं 6 बजे तक जाकर निःशुल्क पंजीयन करा सकते हैं तथा स्वयं के कम्प्यूटर/मोबाइल से पर भी पंजीयन कर सकते हैं।

पंजीयन हेतु आवश्यक सूचना-

  • नाम, पता, पिता का नाम आदि
  • भामाशाह कार्ड नम्बर
  • आधार कार्ड नम्बर
  • पेंशन भुगतान आदेश (पी.पी.ओ.)

अपलोड करने हेतु वांछित दस्तावेज

  • मूल निवास प्रमाण-पत्र
  • परिवार की वार्षिक आय प्रमाण-पत्र
  • निःशक्तता प्रमाण-पत्र (यदि पहले से बना हो)

अधिक जानकारी हेतु अपने जि़ले के उपनिदेशक/सहायक निदेशक/जि़ला परीवीक्षा एवं समाज कल्याण अधिकारी अथवा निदेशालय, विशेष योग्यजन से अथवा फोन नं. 0141-2222249 पर सम्पर्क करें।

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