प्रधानमंत्री योजना

जानिए क्या है महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना, 2019 तक ऐसे मिलेगा अपना घर

जानिए क्या है महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना, 2019 तक ऐसे मिलेगा अपना घर

महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना का शुभारंभ करने का फैसला अब राज्य सरकार द्वारा लिया जा चुका है। जी हां,,कई राज्यों में चर्चित हो चुकी प्रधानमंत्री आवास योजना अब बहुत जल्द महाराष्ट्र राज्य में भी लागू की जा सकती है। इस योजना की घोषणा राज्य मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणीस द्वारा एक रैली में की गई है।

जिसके तहत वर्ष 2019 तक राज्य सरकार, महाराष्ट्र के 51 शहरों में स्वयं का आवास उपलब्ध कराने की योजना बना रही है। योजना के अंतर्गत एक लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों में राज्य सरकार के सहयोग से इस योजना के तहत गरीब परिवारों को घर दिए जाएंगे।

महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना

गृह निर्माण मंत्री प्रकाश मेहता ने प्रधानमंत्री आवास योजना राज्य में लागू किए जाने संबंधी प्रस्ताव बनाकर मंत्रिमंडल की बैठक में रखा था। इस योजना के तहत 1 लाख से अधिक जनसंख्या वाले 51 शहरों में जरुरतमंद लोगों को घर दिया जाएगा। घर के लिए अल्प दर पर कर्ज दिया जाएगा और लाभार्थी को 1 लाख रुपए की धनराशि राज्य सरकार व 1 लाख रुपए केंद्र सरकार की ओर से अनुदान दिया जाएगा।

जिन शहरों में झोपड़पट्टी पुनर्वसन योजना लागू की जा रही है, उन शहरों में यह योजना लागू नहीं की जाएगी। मंत्रीमंडल की बैठक में वन विभाग की ओर लाए गए प्रस्ताव पर विचार करते हुए महाराष्ट्र निसर्ग पर्यटन विकास महामंडल को मंजूरी दी गई है।

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महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना की घोषणा

फैजपुर में एक रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणीस द्वारा इस ख़ास योजना की घोषणा की गई थी। जिसमें सीएम द्वारा कहा गया था कि वर्ष 2019 के अंत तक राज्य में हर किसी का अपना घर होगा। देश में गरीबों को किफायती आवास उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रधान मंत्री आवास योजना ने एक वर्ष 2022 तक शहरी क्षेत्रों में 2 करोड़ घरों को उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है हालांकि योजना से जुड़ी ज्यादा जानकारी अभी सामने नहीं आई है।

इंदिरा गांधी आवास से बनी प्रधानमंत्री आवास योजना

पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी द्वारा निर्मित ‘इंदिरा गांधी आवास योजना’ का नाम बदलकर भले ‘प्रधानमंत्री आवास योजना’ रख दिया गया हो। लेकिन आज भी इस योजना को लेकर राज्य दर राज्य बदलाव की सीमा साफ़ तौर पर दिखाई दे रही है। वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इस योजना का नाम बदला गया, वहीं योजना में कुछ नए नियमों और बदलाव के साथ इस एक बार फिर नए सिरे से शुरु किया गया है।

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योजना महत्वपूर्ण चरण

महाराष्ट्र सरकार ने पिछले साल केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री आवास योजना के बेहतर और व्यावहारिक संस्करण को लाने का प्रस्ताव दिया था।

2022 तक सभी के लिए हाउसिंग के तहत केंद्र सरकार ने यूबीन पूरे को सब्सिडी वाले ब्याज दरों पर घरों और गृह ऋण बनाने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की।

योजना पात्रता

आवेदनकर्ता की आयु 21 से 55 वर्ष के बीच की होनी चाहिए।

लाभार्थी परिवार के किसी भी सदस्य के पास अपना पक्का मकान नहीं होना चाहिए।

आवेदन करने वाले व्यक्ति के परिवार के किसी सदस्य को सरकार की तरफ से कोई वित्तीय सहायता का लाभ न हो।

प्रधानमंत्री आवास योजना महत्वपूर्ण बातें

इसके लिए आवेदक को नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर से संपर्क करना होता है।

फॉर्म भरने के लिए केवल 25 रुपए खर्च करने पड़ते है।

आधार कार्ड होना जरुरी है, वहीं आधार न होने पर वेरिफिकेशन के बाद आवेदन किया जाता है।

कॉमन सर्विस सेंटर्स पर इस योजना के तहत भरे जाने वाले फॉर्म के लिए आवेदकों को रसीद भी दी जाती है।

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इस रसीद में आवेदक की फोटो लगी होती है।

इस रसीद के जरिए आवेदन के स्टेटस का पता लगाया जाता है।

आवेदकों को योजना की पूरी जानकारी और आवेदन करने के लिए अपने नजदीक के कॉमन सर्विस सेंटर पर जाना होता है।

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बीपीएल ही नहीं बल्कि हर उस व्यक्ति को घर मिलेता है, जो आर्थिक सर्वे में गरीब पाया गया है।

योजना प्रमुख विशेषताएं

ऑनलाइन आवेदन की शुरुआत 3 नवंबर 2016 को की गई थी

योजना के तहत देश भर में स्थापित 60,000 कॉमन सर्विस सेंटर्स पर यह फॉर्म भरे जा सकते है।

योजना के तहत 25 रुपए में एक फॉर्म भरा जाएगा।

योजना बनी पहले से सरल और सुलभ

सरकार ने घर बनाने के लिए नियमों को जहां सरल किया है वहीं राशि में भी बढ़ोतरी की है। इस नई योजना से जिले में लाभार्थियों की संख्या बढ़ गई है। इतना ही नहीं जिन लोगों के नाम आर्थिक जनगणना में गरीबी के दायरे में है उन्हें सरपंचों की हाथजुड़ी करने की जरुरत नहीं है सीधे बीडीपीओ व एडीसी कार्यालय में आवेदन कर सकते है।

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